उत्तराखंड में चला ऑपरेशन कालनेमी, 11 बहरूपिये बाबाओं की हुई गिरफ्तारी

Corbetthalchal haridwar-उत्तराखंड शासन के निर्देश पर चलाये जा रहे ऑपरेशन कालनेमी मे पुलिस ने बड़ी कार्यवाही की है। आस्था के नाम पर ढोंग नहीं “ऑपरेशन कालनेमी” में 11 बहरूपिये बाबा…

Dec 19, 2025 - 09:27
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उत्तराखंड में चला ऑपरेशन कालनेमी, 11 बहरूपिये बाबाओं की हुई गिरफ्तारी
Corbetthalchal haridwar-उत्तराखंड शासन के निर्देश पर चलाये जा रहे ऑपरेशन कालनेमी मे पुलिस ने बड़ी कार्यवाही की ह

उत्तराखंड में चला ऑपरेशन कालनेमी, 11 बहरूपिये बाबाओं की हुई गिरफ्तारी

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कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखंड में आस्था के नाम पर हो रहे ठगी के खिलाफ 'ऑपरेशन कालनेमी' के तहत पुलिस ने 11 बहरूपिये बाबाओं को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई ठगी के मामलों में तेजी लाने के लिए की गई है, जिसमें कहीं न कहीं आस्था का दुरुपयोग हो रहा था।

उत्तराखंड पुलिस की सख्त कार्रवाई

कोर्बेटथालचल, हरिद्वार - उत्तराखंड शासन के निर्देश पर पुलिस ने 'ऑपरेशन कालनेमी' चलाया, जिसमें 11 बहरूपिये बाबाओं को दबोचा गया। यह सभी लोग धार्मिक भेष में और भिक्षाटन की आड़ में ठगी कर रहे थे। पुलिस ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई करते हुए इन ठगों को गिरफ्तार किया।

आस्था का दुरुपयोग: ठगों की पहचान

इन बहरूपियों का असली नाम और विवरण जांच में सामने आया है। इनमें से एक बाबा का नाम गणेश है, जो खटीक मोहल्ले का निवासी है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि अब से आस्था के नाम पर किसी प्रकार का ढोंग और ठगी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

वितीय ठगी के मामलों में बढ़ोतरी

हाल ही में विभिन्न समाचार रिपोर्टों में ऐसे मामलों की बढ़ती तादाद देखने को मिली है, जहां नकली बाबाओं ने भिक्षाटन की आड़ में लोगों को ठगा। पुलिस का मानना है कि ऐसे मामलों में जन जागरूकता अत्यंत आवश्यक है ताकि लोग फर्जी बाबाओं की पहचान कर सकें।

पुलिस की सख्त चेतावनी

रुड़की पुलिस ने लोगों को इस संबंध में स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि अब से आस्था की आड़ में किसी भी प्रकार की ठगी को सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे बाबाओं से दूरी बनाएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना पुलिस को दें।

धार्मिक आस्था और विश्वास एक संवेदनशील विषय है, लेकिन इसके दुरुपयोग पर नकेल कसना आवश्यक है। इसलिए स्थानीय प्रशासन और पुलिस की यह पहल निश्चित ही सराहनीय है।

इसके अलावा, जो लोग इस प्रकार के मामलों का शिकार होते हैं, उन्हें उचित सहायता प्रदान की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।

आस्था का बेजा इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ यह कार्रवाई उत्तराखंड पुलिस की दृढ़ता को दर्शाती है। सभी नागरिकों को चाहिए कि वे इस दिशा में सचेत रहें और किसी भी धोखाधड़ी के मामले की शिकायत अवश्य करें।

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हमेशा आपके साथ,
टीम इंडिया टुडे - प्रिया शर्मा

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