चमोली: भालू के हमले का शिकार हुई महिला, एम्स ऋषिकेश रेफर
रैबार डेस्क: पहाड़ में गुलदार और भालू का आतंक कम नहीं हो रहा। ऐसा कोई... The post चमोली: मायके में चारापत्ती लेने गई महिला पर भालू का हमला, गंभीर हालत में ऋषिकेश एम्स रेफर appeared first on Uttarakhand Raibar.
चमोली में भालू का हमला: महिला गंभीर रूप से घायल, एम्स ऋषिकेश में करवाया गया रेफर
Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - India Twoday
कम शब्दों में कहें तो, चमोली के थराली क्षेत्र में एक 26 वर्षीय महिला पर भालू ने हमला करके उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया है। उसे उपचार के लिए एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया है।
जब जंगल में घास लेने गई महिला पर भालू का हमला हुआ, तो उसके परिजनों और समुदाय में दहशत की लहर दौड़ गई। यह घटना बुधवार की सुबह 9 बजे हुई, जब गोविंदी देवी, जो थराली तहसील के बूंगा गांव की निवासी हैं, अपने मायके में घास लेने गई थीं। चंडीगढ़ में बढ़ती वन्यजीवों की सक्रियता के कारण इस क्षेत्र में सुरक्षा चिंताएं और भी बढ़ गई हैं।
भालू ने किया घायल
घटना के अनुसार, जैसे ही गोविंदी देवी खेतों में गईं, घात लगाकर बैठे भालू ने उन पर हमला कर दिया। इस हमले में उनका सिर, गर्दन और मुँह गंभीर रूप से घायल हो गया। महिला को 108 की सेवा के द्वारा सीएचसी थराली लाया गया, जहां प्रारंभिक चिकित्सा के बाद उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए हेली एंबुलेंस से एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया।
वन विभाग की मदद
इस घटना के बाद, वन विभाग ने महिला के परिवार को तात्कालिक सहायता के रूप में 30,000 रुपये प्रदान किए हैं। गोविंदी देवी का पति, पंकज सिंह, गांव में एक दुकान चलाते हैं और यह घटना उनके परिवार के लिए एक बड़ा झटका है। घटना के प्रभाव से स्थानीय ग्रामीण भयभीत हैं और वन विभाग ने भालुओं के सक्रिय क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी है।
आवश्यकता है सुरक्षा उपायों की
इस घटना ने एक बार फिर से पहाडों में बढ़ते वन्यजीवों के आतंक का सवाल खड़ा कर दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि गांवों के समीप बढ़ती जनसंख्या और वन्य जीवन के नष्ट होने के कारण जंगली जानवरों के हमलों का खतरा बढ़ रहा है। उपायों में सुरक्षा जानकारियों का फैलाव, स्थानीय निवासियों को सुरक्षित रहने के मार्गदर्शन और वन्यजीवों की संरक्षण नीति का उचित कार्यान्वयन शामिल होना चाहिए।
स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि वन विभाग और स्थानीय प्रशासन इस समस्या को हल करने के लिए ठोस कदम उठाएं, ताकि ऐसे हमलों की पुनरावृत्ति न हो। इस प्रकार की घटनाओं से निपटने के लिए जागरूकता और सामुदायिक सुरक्षा का महत्व बहुत अधिक है।
इस मामले पर आपकी क्या राय है? अपने विचार हमें कमेंट करके बताएं।
अधिक अपडेट्स के लिए, कृपया यहां क्लिक करें।
सौजन्य: टीम इंडिया टुडे
— अन्विता, टीम इंडिया टुडे
What's Your Reaction?