पहाड़ के उद्यमियों को नया प्लेटफार्म: त्र्यंबक फाउंडेशन की पहाड़ी शार्क टैंक की अनोखी पहल
रैबार डेस्क: पहाड़ के गाँवों और छोटे कस्बों में रन भुला रन भुली उत्सव के जरिए... The post पहले स्कूल संवारे, फिर फिटनेस अब पहाड़ के उद्यमियों को नया मंच दे रहा त्र्यंबक फाउंडेशन, पहाड़ी शार्क टैंक की अनोखी पहल appeared first on Uttarakhand Raibar.
पहाड़ के उद्यमियों को नया प्लेटफार्म: त्र्यंबक फाउंडेशन की पहाड़ी शार्क टैंक की अनोखी पहल
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कम शब्दों में कहें तो, त्र्यंबक फाउंडेशन के 'पहाड़ 2 पिच' कार्यक्रम के माध्यम से पहाड़ के उद्यमियों को नए अवसर मिल रहे हैं। यह पहल उनके स्थानीय व्यवसायों को बढ़ावा देने और आर्थिक सहयोग प्रदान करने के लिए है।
रैबार डेस्क: पहाड़ के गाँवों और छोटे कस्बों में 'रन भुला रन भुली' उत्सव के जरिए त्र्यंबक फाउंडेशन पिछले 6 वर्षों से खेल प्रतिभाओं को निखारने और स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता में जुटा हुआ है। इस वर्ष, फाउंडेशन ने स्थानीय उद्यमियों को अपने हुनर और संसाधनों से आगे बढ़ने के लिए विशेष पहल शुरू की है। इस पहल का नाम 'पहाड़ 2 पिच' है, जिसे आम भाषा में पहाड़ी शार्क टैंक कहा जा रहा है। यह कार्यक्रम 17 और 18 अक्टूबर को पौड़ी में आयोजित होगा।
क्या है पहाड़ी शार्क टैंक 'पहाड़ 2 पिच'
'पहाड़ 2 पिच' कार्यक्रम का मुख्य ध्यान उन स्थानीय उद्यमियों पर है जो खेती, स्थानीय उत्पादों, खाद्य प्रसंस्करण, पर्यटन और ग्रामीण जरूरतों से जुड़े व्यवसाय संचालित कर रहे हैं। इस कार्यक्रम का उद्देश्य उन उद्यमियों को मार्गदर्शन देना है, जो अपने व्यवसाय को विपणन के माध्यम से आगे बढ़ाने और आर्थिक सहयोग प्राप्त करने के इच्छुक हैं। यहाँ, उद्यमी अपनी चुनौतियों और विकास की जरूरतों को मार्गदर्शकों, अनुदानदाताओं, और कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) से जुड़े प्रतिनिधियों के सामने रखेंगे। इस संवाद में यह समझा जाएगा कि किस उद्यम ने किस प्रकार के सहयोग की आवश्यकता है, और उस सहयोग से स्थानीय स्तर पर क्या बदलाव संभव हो सकते हैं।
पहाड़ी उद्यमी का यहाँ मौका
इस कार्यक्रम में सबसे खास बात यह है कि इसका संचालन शार्क टैंक के फॉर्मेट की तरह होगा। चयनित उद्यमियों को अपना व्यवसाय और उसके विकास के लिए आवश्यकताओं के बारे में पिच देने का मौका मिलेगा। यदि जज को उद्यम में दम दिखा, तो उन्हें 50,000 रुपये से लेकर 5 लाख रुपये तक का अनुदान प्राप्त होगा। TRiBE के माध्यम से उद्यमियों को प्रजेंटेशन की तैयारी, बाजार संपर्क, और अपने व्यवसाय को प्रदर्शित करने में सहायता भी मिलेगी।
त्र्यंबक फाउंडेशन के संस्थापक मेजर गोरकी चंदोला ने कहा, “पहाड़ के गाँवों में हुनर, मेहनत और उद्यमिता की कमी नहीं है। हमें बस इन उद्यमियों को सही मार्गदर्शन, बाजार, और आर्थिक सहयोग के साथ जोड़ने की आवश्यकता है। हमारा उद्देश्य उन लोगों को मंच प्रदान करना है जो अपने छोटे व्यवसाय के माध्यम से परिवार की आजीविका चला रहे हैं और दूसरों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा कर रहे हैं।”
सामुदायिक गतिविधियाँ जारी रहेंगी
'रन भुला रन भुली' उत्सव के तहत इस वर्ष भी खेल और फिटनेस गतिविधियाँ आयोजित की जाएँगी। 18 अक्टूबर को महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए विभिन्न प्रकार की दौड़ प्रतियोगिताएँ, रस्साकसी, और कला प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएँगी। दौड़ के विजेताओं को 3,500 रुपये से लेकर 5,000 रुपये तक की पुरस्कार राशि दी जाएगी, जबकि रस्साकसी में विजेता टीम को ₹21,000 और उपविजेता टीम को ₹15,000 प्रदान किए जाएंगे।
फाउंडेशन ने स्थानीय उद्यमियों, युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और ग्रामीण समुदायों से अपील की है कि वे इस उत्सव में भाग लें। कार्यक्रम की अधिक जानकारी और पंजीकरण के लिए, कृपया tryambakfoundation.org और 'पहाड़ 2 पिच' के लिए tryambakfoundation.org/pahad2pitch पर जाएं।
यह पहल पहाड़ के उद्यमियों को नया जीवन देगी और उन्हें अपने rêves को साकार करने का मौका प्रदान करेगी।
संपर्क: टीम इंडिया टुडेज, प्रिया शर्मा
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